आठनेर से हमदर्द न्यूज के लिए अनूप शिंदे की रिपोर्ट।
आठनेर। विकासखण्ड आठनेर के ग्राम जामठी निवासी 85 वर्षीय श्रीमती मिटको बाई पति श्री उकण्ड्या नागले को बुखार, खांसी एवं सांस लेने में तकलीफ की शिकायत होने पर गंभीर अवस्था में कोविड केयर सेंटर आठनेर में 23 अप्रैल 2021 को भर्ती किया गया। भर्ती के समय इनका एस.पी.ओ.टू. 50 था। कोविड केयर सेंटर में तत्काल इनका इलाज प्रारंभ किया गया।
भर्ती होने के पांच दिनों तक इनकी एक जैसी स्थिति ही रही, किन्तु निरंतर प्रदाय किये गये उपचार एवं सकारात्मक माहौल से धीरे-धीरे इनकी स्थिति में सुधार होता गया। भर्ती के समय परिवार का कोई भी सदस्य साथ नहीं था। इन्होंने कोविड केयर सेंटर के स्टाफ को ही अपना परिवार माना और स्टाफ ने इन्हें अपने परिवार का सदस्य माना। सभी के सहयोग एवं मिटको बाई के साहस से 03 मई को इनका बुखार सामान्य एवं एस.पी.ओ.टू. 98 आ गया। दस दिवस तक कोविड केयर सेंटर में रहने के दौरान कभी चिकित्सकों की उम्मीद टूटने लगती थी, तो कभी मिटको बाई की हिम्मत, लेकिन चिकित्सकों के सतत् प्रयास एवं मिटको बाई के मन की सबलता ने इस कठिन जंग को जीत ही लिया। सोमवार 03 मई 2021 को इन्हें कोविड केयर सेंटर आठनेर से डिस्चार्ज किया गया।
मिटको बाई ने स्वस्थ होने के उपरांत बताया कि कोरोना जैसी बीमारी होने पर किसी के भी मन में भय व्याप्त हो सकता है। अधिक उम्र वाले व्यक्तियों को कोरोना होने पर घबराने की आवश्यकता नहीं है, हम उम्र से नहीं अपने मन से हारते हैं। यदि मन सबल हो तो जीत पाना कठिन नहीं होता। दवाइयों एवं पूर्ण उपचार के साथ-साथ मन को सबल बनाना इस बीमारी पर विजय प्राप्त करने के लिये बहुत जरूरी है।
डिस्चार्ज के समय खंड चिकित्सा अधिकारी डॉ. ऋषि माहौर, डॉ. सुमित पटैया, डॉ. शरद जितपुरे, डॉ. विनोद साहू, डॉ. ओमप्रकाश झाडे, डॉ. दीपक लहरपुरे, स्टाफ नर्स श्रीमती प्रीति राजपूत एवं सम्पूर्ण स्टाफ द्वारा इन्हें कोरोना संक्रमण से बचाव हेतु स्वास्थ्य शिक्षा भी प्रदाय की गई। इन्हें अपने चेहरे पर मास्क लगाये रखने, बार-बार हाथों को साबुन से साफ करने एवं आपस में दो गज की दूरी बनाये रखने हेतु समझाइश दी गई।

