5 अगस्त की तारीख मुकर्रर हो गई है। राम मंदिर का भूमि पूजन और नींव का पहला पत्थर इसी दिन रखा जाएगा। विश्व हिंदू परिषद के बनाए राम मंदिर के मॉडल में कोई 60 फीसदी बदलाव के बाद अब मंदिर और ज्यादा भव्य होगा। मंदिर ट्रस्ट इस योजना पर काम कर रहा है कि मंदिर का प्रांगण 108 से 120 एकड़ का हो। 5 अगस्त को भूमिपूजन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शामिल हो सकते हैं।
सुबह 11 से दोपहर 3.30 के बीच में पीएम मोदी मंदिर की नींव रख सकते हैं। भूमिपूजन के लिए पंडित भी प्रधानमंत्री के संसदीय क्षेत्र काशी से ही आएंगे। तीन से साढ़े तीन साल के समय में मंदिर बनकर तैयार हो जाएगा। मंदिर ट्रस्ट इसमें सरकार से पैसा नहीं लेगा। जो दान पहले आया है वो उपयोग किया जाएगा, इसके अलावा कोरोना संकट से उबरने के बाद ट्रस्ट 10 करोड़ लोगों से मंदिर के लिए दान लेने पर भी विचार कर रहा है।

