मुलताई - इंग्लैंड नही पठानकोट गए थे दंपत्ति, इंग्लैंड जाने की सूचना पर खोजता रहा स्वास्थ्य विभाग
मुलताई। नगर की 1 महिला में कोरोना का नया स्ट्रेन मिलने को लेकर मंगलवार पूरे दिन खलबली मची रही। स्वास्थ्य विभाग भी उसे विदेश से आई मानकर खोजता रहा। मंगलवार शाम को जब उसके घर स्वास्थ्य विभाग की टीम पहुंची तो जो जानकारी मिली उससे सभी ने अपना सिर पीट लिया। महिला ने बताया कि वे विदेश नही पठानकोट गए थे। जिला अस्पताल के कोरोना प्रभारी डॉ सौरभ राठौर ने भी महिला के इंग्लैंड से आने की बात को प्रदेश से जानकारी मिलने का आधार बताया। उन्होंने दोहराया कि महिला पठानकोट से आई थी।
महिला की रिपोर्ट पाजिटिव आने के बाद स्वास्थ्य विभाग ने खोजबीन शुरू की और मंगलवार शाम को यह खुलासा हुआ कि वह विदेश नहीं बल्कि पठानकोट गई थी। स्वास्थ्य विभाग के अफसरों ने भी इस गलती को स्वीकार करते हुए प्रदेश से मिली सूची में नाम शामिल होने का हवाला दिया है। इधर यह भ्रामक जानकारी जब शहर में लोगों को पता चली तो खलबली मच गई।कोरोना के नोडल अधिकारी डॉ सौरभ राठौर ने बताया कि प्रदेश से एक सूची आई थी जिसमें इंदिरा गांधी वार्ड निवासी 49 वर्षीय महिला को इंग्लैंड से आना बताया गया था। इस आधार पर खोजबीन की गई तो वह मुलताई निवासी पाई गई। जानकारी लेने पर पता चला है कि महिला एवं उसके पति 8 दिसंबर को विवाह समारोह में शामिल होने के लिए पठानकोट गए थे। जहां से वे 14 दिसंबर को मुलताई आने के लिए फ्लाइट से नागपुर पहुंचे जहां एयरपोर्ट पर उनकी कोरोना की जांच हुई। जांच में दंपती पाजिटिव पाए गए। वे मुलताई आकर होम आइसोलेट हो गए थे। इस संबंध में कोरोना टीम के दिवाकर किनकर ने बताया कि इंदिरा गांधी वार्ड पहुंचकर जब दंपती से संपर्क किया गया तो उन्होंने बताया कि वे 14 दिसंबर से होम आइसोलेट हैं तथा फिलहाल स्वस्थ हैं। इस मामले में जब तहसीलदार सुधीर जैन से चर्चा की गई तो उन्होंने बताया कि इस संबंध में उन्हें कोई जानकारी नहीं है, वहीं थाना प्रभारी सुरेश सोलंकी ने बताया कि उनके पास ऐसे कोई लिखित आदेश नहीं हैं कि पाजिटिव महिला इंग्लैंड से आई है। जिससे यह साफ हो गया है कि इंग्लैंड से पाजिटिव महिला के मुलताई आने और उसके कोविड सेंटर में भर्ती होने की अफवाह फैल गई थी। मुलताई के बीएमओ डॉ पल्लव अमृतफले ने बताया कि महिला एवं उसका पति इंग्लैंड से नहीं पठानकोट से आए हैं। दोनों की कोरोना रिपोर्ट पॉजिटिव आने के बाद उनसे संपर्क किया गया। उनकी क्वाण्टाइन अवधि भी पूर्ण हो गई है और स्वस्थ हैं।

