एक आदिवासी छात्रा को बैंक के सामने धरने पर बैठने के लिए क्यो मजबूर होना पड़ा। छात्रवृत्ति न मिलने से परेशान है छात्रा।
✍️कुलदीप पहाड़े . . .
मूलताई। मप्र के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान जी भांजे भांजियों को हर सुविधा दिलाने का दम भरते है, बेटी पढ़ाओ बेटी बढ़ाओ के नारे लगाते थकते नही है लेकिन मूलताई सरकारी कालेज में पढ़ने वाली आदिवासी वर्ग की छात्राओं को प्रथम वर्ष की छात्रवृत्ति नही मिलने के कारण अपनी पढ़ाई छोड़ अब धरने पर बैठने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है, छात्रा रीना इवने निवासी राजीव गांधी वार्ड मूलताई जो कि बीए द्वितीय वर्ष की छात्रा है उसका कहना है कि वह कई बार बैंक आई जहा से उसे हर बार भगा दिया जाता रहा। बैंक के सामने धरना दे रही छात्रा की समस्या के बारे में बैंक मैनेजर से सवाल पूछने पर कोई प्रतिक्रिया देने से साफ मना कर दिया ।
छात्रा के धरने पर बैठने की सूचना मिलते ही भाजपा के सांसद प्रतिनिधि हनी भार्गव और कांग्रेस के विधायक प्रतिनिधि सुमित शिवहरे बैंक पहुचे जहा उन्होंने छात्रा की समस्या सुनी और बैंक मैनेजर से बात की।

